दैनिक शाक्य समाचार
राकेश सिंह
आंवला (बरेली): विकास के दावों के बीच आंवला विधानसभा क्षेत्र के ग्राम दरुआपुर से गौशाला आंवला-अलीगंज मार्ग अपनी बदहाली पर आंसू बहा रहा है। खनन माफियाओं के डंपरों और भारी वाहनों के अनियंत्रित परिचालन ने इस संपर्क मार्ग को पूरी तरह जर्जर कर दिया है, जिससे एक दर्जन से अधिक गांवों का संपर्क तहसील मुख्यालय और देवचरा मंडी से कटने की कगार पर है।
खनन माफियाओं ने तोड़ी सड़क की कमर
क्षेत्रीय जनता का आरोप है कि इस्माइलपुर स्थित फैक्ट्रियों के लिए मिट्टी ढोने वाले डंपरों और ट्रैक्टर-ट्रॉली ने रात-दिन चलकर सड़क को गड्ढों में तब्दील कर दिया है। इस मार्ग से भिंडौरा, गिधौली, कुडरियां, नैनपुर, सादुल्लागंज, भीमपुर, मेंहदी नगला, समाधीपुर, जगम्मनपुर, करपिया, अतरछेडी, ढकौरा, दरुआपुर और मलगांव के ग्रामीणों का आना-जाना होता है। सड़क खराब होने से किसानों को अपनी फसल मंडी ले जाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
स्वीकृति के बाद भी अधूरा है वनखंडी मंदिर मार्ग
ग्रामीणों ने बताया कि इसी तरह इफको-अतरछेडी मार्ग से नैनपुर होते हुए वनखंडी मंदिर तक जाने वाले मार्ग की स्वीकृति और टेंडर होने के बावजूद आज तक निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है। इसे लेकर क्षेत्र के संभ्रांत नागरिकों ने कैबिनेट मंत्री धर्मपाल सिंह और एमएलसी कुंवर महाराज सिंह को हस्ताक्षरित प्रार्थना पत्र भी सौंपे हैं, लेकिन स्थिति जस की तस बनी हुई है।
आगामी चुनाव के बहिष्कार का ऐलान
समाजसेवी जय गोविन्द सिंह, मोहन सिंह, प्रवीन कुमार सिंह सहित अन्य ग्रामीणों ने पीडब्ल्यूडी और तहसील दिवस में कई बार गुहार लगाई, पर कोई सुनवाई नहीं हुई। अब आक्रोशित ग्रामीणों (सत्य प्रकाश शर्मा, प्रताप सिंह, प्रधान अंतराम, विजय पाठक, संजीव कुमार आदि) ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही दरुआपुर संपर्क मार्ग की मरम्मत और वनखंडी नाथ मंदिर मार्ग का निर्माण कार्य शुरू नहीं हुआ, तो क्षेत्र की जनता आगामी चुनाव का पूर्ण बहिष्कार करेगी।