दैनिक शाक्य समाचार
राकेश सिंह
आँवला (बरेली): "जहाँ भक्त है, वहाँ भगवान हैं।" यह कथन श्री श्याम मंदिर मनौना धाम (जीवन धाम) में चरितार्थ होता दिख रहा है, जहाँ बाबा श्याम के दर्शन के लिए 24 घंटे भक्तों का ताँता लगा रहता है। सोमवार को मोहिनी एकादशी के पावन अवसर पर यहाँ आस्था का भारी सैलाव उमड़ा। भक्तों ने न केवल बाबा के दरबार में अर्जी लगाई, बल्कि महंत श्री ओमेन्द्र महाराज से आशीर्वाद प्राप्त कर अभिमंत्रित 'श्याम जल' भी ग्रहण किया।
मोहिनी एकादशी का महत्व
धाम के महंत श्री ओमेन्द्र महाराज ने एकादशी की महिमा बताते हुए कहा कि हिंदू धर्म में इस तिथि का विशेष महत्व है। मोहिनी एकादशी भगवान विष्णु के मोहिनी अवतार को समर्पित है। मान्यता है कि इस दिन विधि-विधान से व्रत और पूजन करने से मनुष्य के समस्त पापों का नाश होता है और मृत्यु के पश्चात मोक्ष की प्राप्ति होती है। महाराज जी के अनुसार, इस व्रत से भगवान श्री हरि विष्णु की विशेष कृपा प्राप्त होती है।
देर रात तक खुले रहे कपाट
भक्तों की भारी भीड़ और बाबा के प्रति उनकी अटूट श्रद्धा को देखते हुए मंदिर के कपाट देर रात तक खुले रखे गए। कपाट बंद होने के बाद भी श्रद्धालु लाइनों में लगकर बाबा श्याम के नाम का जाप करते रहे।
चाक-चौबंद रही व्यवस्थाएँ
भीड़ के प्रबंधन के लिए मनौना धाम के व्यवस्थापक एडवोकेट श्यामेन्द्र चौहान ने सुरक्षा, पार्किंग और साफ-सफाई के लिए 150 निस्वार्थ सेवादारों को तैनात किया।
स्वास्थ्य सेवा: गंभीर मरीजों के लिए एम्बुलेंस और निःशुल्क टोकन व्यवस्था की गई।
सुरक्षा: मनौना धाम पुलिस चौकी प्रभारी अपनी टीम के साथ सुरक्षा व्यवस्था सँभालने हेतु मुस्तैद रहे।
श्रद्धालुओं ने अनुशासित रहकर दर्शन किए और मनौना धाम की दिव्य ऊर्जा का लाभ उठाया।