दैनिक शाक्य समाचार
प्रमोद सिन्हा
गाजीपुर/करंडा: सदर विधानसभा क्षेत्र में इंसानियत और सेवा भाव की एक बेहद प्रेरक तस्वीर सामने आई है। क्षेत्र के दो जाने-माने समाजसेवियों— सुजीत 'साइकिल' और सपा महिला सभा की प्रदेश सचिव पुनीता सिंह 'खुश्बू' ने दो आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के चार बच्चों को गोद लेकर उनकी शिक्षा और परवरिश की जिम्मेदारी उठाई है।
कैंसर पीड़ित किसान के बेटे को मिला सहारा
पहला मामला चांडीपुर गांव का है, जहां किसान श्यामलाल यादव वर्तमान में कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे हैं और बीएचयू (BHU) में उपचाराधीन हैं। घर की माली हालत खराब होने के कारण उनकी पत्नी बच्चों के भविष्य और पढ़ाई को लेकर बेहद चिंतित थीं। इस विषम परिस्थिति में समाजसेवी सुजीत साइकिल ने मदद का हाथ बढ़ाते हुए उनके बेटे नवीन को गोद लिया। उन्होंने संकल्प लिया कि नवीन की उच्च शिक्षा तक का सारा खर्च वह स्वयं वहन करेंगे।
लकवाग्रस्त पिता के तीन बच्चों की जिम्मेदारी लेंगी पुनीता सिंह
दूसरी ओर, करंडा के लीलापुर गांव के रहने वाले चंद्रिका प्रसाद लकवा (पैरालिसिस) की वजह से लाचार हैं और परिवार का भरण-पोषण करने में असमर्थ हैं। उनकी स्थिति को देखते हुए सपा नेत्री पुनीता सिंह ‘खुश्बू’ ने उनके तीनों बच्चों को सहारा दिया है। पुनीता सिंह ने इन बच्चों की पढ़ाई, स्वास्थ्य और परवरिश की पूरी जिम्मेदारी अपने कंधों पर ली है।
क्षेत्र में हो रही सराहना
दोनों समाजसेवियों ने बच्चों को तत्काल सहायता के रूप में किताबें, स्कूल ड्रेस और अन्य आवश्यक शिक्षण सामग्री उपलब्ध कराई। इस मानवीय पहल से जहां पीड़ित परिवारों की आंखों में खुशी के आंसू हैं, वहीं पूरे क्षेत्र में सुजीत साइकिल और पुनीता सिंह के इस नेक कार्य की सराहना की जा रही है। समाज के प्रति उनका यह समर्पण अन्य लोगों के लिए भी एक बड़ी प्रेरणा है।