आधुनिक भारत के शिल्पकार पंडित जवाहरलाल नेहरू की पुण्यतिथि पर कांग्रेसजनों ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि
दैनिक शाक्य समाचार
प्रमोद सिन्हा
गाज़ीपुर आज शहर कांग्रेस कैंप कार्यालय सकलेनाबाद, देश के प्रथम प्रधानमंत्री, भारत रत्न एवं आधुनिक भारत के महान शिल्पकार पंडित जवाहरलाल नेहरू जी की पुण्यतिथि श्रद्धांजलि सभा के रूप में श्रद्धा एवं सम्मान के साथ मनाई गई। इस अवसर पर कांग्रेसजनों ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी तथा उनके राष्ट्र निर्माण में दिए गए अतुलनीय योगदान को याद किया।
सभा में वक्ताओं ने कहा कि पंडित जवाहरलाल नेहरू केवल स्वतंत्र भारत के प्रथम प्रधानमंत्री ही नहीं थे, बल्कि वे आधुनिक भारत की आत्मा, लोकतंत्र के सशक्त प्रहरी, वैज्ञानिक सोच के प्रवर्तक एवं विश्व शांति के अग्रदूत थे। उन्होंने देश को शिक्षा, विज्ञान, उद्योग, कृषि और लोकतांत्रिक संस्थाओं की ऐसी मजबूत नींव दी, जिस पर आज का भारत खड़ा है।
जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सुनील राम ने कहा कि पंडित जवाहरलाल नेहरू ने आज़ाद भारत को नई दिशा और नई पहचान देने का ऐतिहासिक कार्य किया। उन्होंने बड़े-बड़े बांधों, विश्वविद्यालयों, आईआईटी, वैज्ञानिक संस्थानों और सार्वजनिक उपक्रमों की स्थापना कर भारत को आत्मनिर्भर और मजबूत राष्ट्र बनाने की नींव रखी। नेहरू जी का जीवन देशभक्ति, त्याग, दूरदृष्टि और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति समर्पण का प्रतीक था।
शहर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष संदीप विश्वकर्मा ने कहा कि पंडित नेहरू बच्चों और युवाओं के भविष्य को लेकर हमेशा चिंतित रहते थे। वे मानते थे कि देश की असली ताकत उसकी युवा पीढ़ी है। उन्होंने शिक्षा और आधुनिक सोच को बढ़ावा देकर भारत को प्रगति के मार्ग पर आगे बढ़ाया। आज भी उनके विचार करोड़ों लोगों के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं।
पूर्व विधायक अमिताभ अनिल दुबे ने कहा कि पंडित जवाहरलाल नेहरू ने भारत को केवल राजनीतिक स्वतंत्रता ही नहीं दी, बल्कि सामाजिक और आर्थिक मजबूती की दिशा में भी ऐतिहासिक कार्य किए। उन्होंने लोकतंत्र को मजबूत किया और संविधान की गरिमा को सर्वोच्च स्थान दिया। विश्व मंच पर भारत की सशक्त पहचान बनाने में उनका योगदान सदैव स्वर्ण अक्षरों में लिखा जाएगा।
एआईसीसी सदस्य रविकांत राय ने कहा कि पंडित नेहरू ने हमेशा भाईचारे, धर्मनिरपेक्षता और सामाजिक समरसता की राजनीति को बढ़ावा दिया। उन्होंने देश को वैज्ञानिक दृष्टिकोण, आधुनिक विकास और शांति का संदेश दिया। उनका व्यक्तित्व भारत की विविधता में एकता का जीवंत उदाहरण था। देश उनके योगदान को कभी भुला नहीं सकता।
कार्यक्रम में उपस्थित कांग्रेसजनों ने पंडित जवाहरलाल नेहरू जी के बताए मार्ग पर चलकर लोकतंत्र, संविधान एवं देश की एकता-अखंडता की रक्षा करने का संकल्प लिया।
इस अवसर पर प्रमुख रूप से बटुक नारायण मिश्र अजय कुमार श्रीवास्तव चंद्रिका सिंह राजीव सिंह हामिद अली विद्याधर पांडे राम नगीना पांडे जयप्रकाश पांडेय गुलवास यादव ज्ञान प्रकाश सिंह शंभू सिंह कुशवाहा कुंदन खरवार विनोद कुमार सिंह रईस अहमद आलोक यादव राजेश कुमार गुप्ता चंद्रशेखर आर्य पारसनाथ उपाध्याय अजय कुमार दुबे ओमप्रकाश पांडे देवेंद्र कुमार सिंह महेंद्र कुशवाहा दीना यादव एवं आदि कार्यकर्ता उपस्थित रहे।