दैनिक शाक्य समाचार
महेंद्र पाल
बदायूं: भारतीय किसान यूनियन चढूनी ने बुधवार को मालवीय आवास गृह पर पंचायत कर केंद्र सरकार की व्यापार नीतियों के विरोध में प्रधानमंत्री को संबोधित आठ सूत्रीय ज्ञापन नगर मजिस्ट्रेट को सौंपा।
जिलाध्यक्ष सतीश साहू ने कहा कि प्रस्तावित विदेशी व्यापार समझौते किसानों के लिए गंभीर चिंता का विषय हैं। लागत बढ़ने, उचित दाम न मिलने और कर्ज के बोझ से जूझ रहे किसानों को सस्ते आयातित उत्पादों से भारी नुकसान होगा। इससे एमएसपी प्रभावित होगी और बहुराष्ट्रीय कंपनियों का कृषि क्षेत्र में नियंत्रण बढ़ेगा।
यादवेंद्र सिंह यादव उर्फ पप्पू ने कहा कि कृषि, डेयरी और पोल्ट्री को मुक्त व्यापार समझौते से बाहर रखा जाए। एमएसपी की कानूनी गारंटी दी जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि किसान हितों को दांव पर लगाया गया तो किसान आंदोलन को मजबूर होंगे।
ज्ञापन में मांग की गई कि किसानों के हितों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जाए, नहीं तो ये व्यापार समझौते किसानों के लिए डेथ वारंट साबित होंगे।
इस मौके पर आसिम उमर प्रदेश सचिव, किशन अवतार शाक्य, अजय सैनी, रजनेश उपाध्याय, इरशाद खां, ओमकार, भगवानदास, शराफत, रहिश अहमद समेत कई किसान मौजूद रहे।